उत्तर प्रदेश: के Agra में 8 वर्षीय मासूम बच्ची की निर्मम हत्या के मामले ने पूरे क्षेत्र को झकझोर दिया। इस सनसनीखेज वारदात में फरार चल रहे मुख्य आरोपी सुनील को पुलिस ने मुठभेड़ में मार गिराया। घटना के दौरान हुई गोलीबारी में एक दरोगा भी घायल हो गए, जिन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया।
यह मामला 24 मार्च का है, जब Tajganj क्षेत्र से एक जूता कारखाना संचालक की 8 साल की बेटी अचानक लापता हो गई थी। परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने तत्काल मामला दर्ज कर बच्ची की तलाश शुरू की। लेकिन अगले ही दिन जो खुलासा हुआ, उसने सभी को स्तब्ध कर दिया।
आटे के ड्रम में मिली लाश
25 मार्च को पुलिस जांच के दौरान बच्ची का शव उसी मकान में रहने वाले किराएदार सुनील के कमरे से बरामद हुआ। आरोपी ने हत्या के बाद खून के निशान मिटाने के लिए कमरे को पानी से धोया और बच्ची की लाश को आटे के ड्रम में छिपा दिया था। इस बर्बरता ने पूरे इलाके में आक्रोश फैला दिया।
पुलिस ने तुरंत आरोपी की गिरफ्तारी के लिए कई टीमें गठित कीं और उस पर 25,000 रुपये का इनाम घोषित किया। आरोपी लगातार फरार चल रहा था और पुलिस उसकी तलाश में जुटी थी।
मुखबिर की सूचना पर घेराबंदी
27 मार्च की रात पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि आरोपी Bamrauli Katara क्षेत्र में मौजूद है। सूचना मिलते ही पुलिस टीमों ने इलाके की घेराबंदी कर दी।
जैसे ही आरोपी ने खुद को पुलिस से घिरा पाया, उसने भागने की कोशिश की और पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने भी गोलियां चलाईं। इस मुठभेड़ में एक दरोगा गोली लगने से घायल हो गए।

एनकाउंटर में ढेर हुआ आरोपी
पुलिस की जवाबी फायरिंग में आरोपी सुनील गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस तरह एक जघन्य अपराध का मुख्य आरोपी पुलिस मुठभेड़ में मारा गया।
बरामदगी और जांच
पुलिस ने आरोपी के पास से एक बिना नंबर की स्प्लेंडर मोटरसाइकिल, .315 बोर का तमंचा, छह खोखा और तीन जिंदा कारतूस बरामद किए हैं।
इस पूरे मामले में Syed Ali Abbas ने पुलिस टीम की तत्परता और साहस की सराहना की है। उन्होंने कहा कि इस तरह के जघन्य अपराध करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
क्या थी हत्या की वजह?
हालांकि, पुलिस अभी इस बात की जांच कर रही है कि आरोपी ने बच्ची की हत्या क्यों की। शुरुआती जांच में यह मामला अत्यंत क्रूरता और मानसिक विकृति से जुड़ा प्रतीत हो रहा है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपी के आपराधिक इतिहास और उसके व्यवहार के बारे में भी जांच की जा रही है, ताकि इस घटना के पीछे की पूरी सच्चाई सामने आ सके।
इलाके में दहशत और गुस्सा
इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है। लोगों ने आरोपी को कड़ी सजा देने की मांग की थी। हालांकि, पुलिस एनकाउंटर में आरोपी के मारे जाने के बाद लोगों ने राहत की सांस ली है।
यह घटना एक बार फिर यह सवाल खड़ा करती है कि समाज में इस तरह की मानसिकता कैसे पनप रही है और ऐसे अपराधों को रोकने के लिए क्या कदम उठाए जाने चाहिए।