Close Menu
Newsofindia TvNewsofindia Tv

    Subscribe to Updates

    Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.

    What's Hot

    राहुल गांधी का बड़ा सियासी दांव! CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ INDIA ब्लॉक का प्रदर्शन, 1 नवंबर को दिल्ली में शक्ति प्रदर्शन

    October 29, 2026

    ‘मोबाइल दीवार पर मार दो, गिरफ्तारी हो जाएगी!’ Digital Arrest Scammers पर CJI सूर्यकांत का गुस्सा, सुप्रीम कोर्ट ने क्यों कहा- यह डिजिटल डकैती है?

    October 29, 2026

    Lucknow Triple Murder: शराब, हथियार और गले में सांप! कौन है तीन हत्याओं का आरोपी ऋषभ शुक्ला? सोशल मीडिया की तस्वीरों ने खींचा ध्यान

    October 29, 2026
    Facebook Instagram YouTube
    • About Us
    • Contact Us
    • Privacy Policy
    Newsofindia TvNewsofindia Tv
    Facebook Instagram YouTube
    • होम
    • देश
    • विदेश
    • राज्य
    • राजनीति
    • अपराध
    • खेल
    • मनोरंजन
    Newsofindia TvNewsofindia Tv
    • होम
    • देश
    • विदेश
    • राज्य
    • राजनीति
    • अपराध
    • खेल
    • मनोरंजन
    Home»विदेश»Israel Election Result: नेतन्याहू की सत्ता पर संकट! बहुमत से दूर रहे दोनों खेमे, अब अरब पार्टियों के हाथ में सरकार की चाबी?
    विदेश

    Israel Election Result: नेतन्याहू की सत्ता पर संकट! बहुमत से दूर रहे दोनों खेमे, अब अरब पार्टियों के हाथ में सरकार की चाबी?

    Rajat KumarBy Rajat KumarOctober 29, 2026No Comments5 Mins Read
    Share
    Facebook Twitter Threads Copy Link Telegram WhatsApp Email

    नई दिल्ली: इजरायल के संसदीय चुनाव के बाद देश की राजनीति एक बार फिर अनिश्चितता के दौर में पहुंच गई है। प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के नेतृत्व वाला गठबंधन बहुमत हासिल करने में पीछे रह गया है। वहीं, विपक्षी नेता गादी आइजेनकोट के नेतृत्व वाला खेमा भी अपने दम पर सरकार बनाने की स्थिति में नहीं दिख रहा। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर अगली सरकार कौन बनाएगा और क्या नेतन्याहू एक बार फिर सत्ता बचाने में कामयाब होंगे?

    27 अक्टूबर 2026 को हुए चुनाव के शुरुआती नतीजों में किसी भी राजनीतिक खेमे को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक, नेतन्याहू के समर्थन वाले गठबंधन को करीब 53 सीटें मिलने का अनुमान है, जबकि विपक्षी खेमे के खाते में लगभग 48 सीटें जा सकती हैं। अरब-नेतृत्व वाली पार्टियों को मिलाकर करीब 19 सीटें मिलने का अनुमान है।

    इजरायल की संसद नेसेट में कुल 120 सीटें हैं। सरकार बनाने के लिए कम से कम 61 सांसदों का समर्थन जरूरी होता है। यही वजह है कि चुनाव में आगे रहने के बावजूद नेतन्याहू के सामने सरकार बनाने की चुनौती खड़ी हो गई है।

    बहुमत का आंकड़ा दूर, नेतन्याहू के सामने मुश्किल चुनौती

    नेतन्याहू इजरायल की राजनीति के सबसे अनुभवी नेताओं में गिने जाते हैं। वह पहले भी गठबंधन बनाने और राजनीतिक संकटों से निकलने में सफल रहे हैं। लेकिन इस बार चुनावी गणित उनके लिए आसान नहीं दिखाई दे रहा।

    उनके समर्थन वाले खेमे को बहुमत तक पहुंचने के लिए अतिरिक्त समर्थन जुटाना होगा। इसके लिए दूसरी पार्टियों के साथ बातचीत और समझौते करना जरूरी होगा। हालांकि, जिन दलों के साथ गठबंधन की संभावना तलाशी जा सकती है, उनके अपने राजनीतिक और वैचारिक हित हैं।

    दूसरी ओर, विपक्षी खेमे के सामने भी यही समस्या है। नेतन्याहू को सत्ता से हटाने के लिए एकजुट होना और स्थिर सरकार चलाने के लिए जरूरी समर्थन जुटाना दो अलग-अलग चुनौतियां हैं। इसलिए चुनाव में नेतन्याहू के विरोध में वोट मिलने के बावजूद विपक्ष के लिए सरकार बनाना अपने आप में आसान नहीं होगा।

    अरब पार्टियों के पास सरकार बनाने की चाबी?

    इस चुनाव में अरब-नेतृत्व वाली पार्टियों की भूमिका सबसे अहम बनकर उभरी है। शुरुआती नतीजों में उनके पास लगभग 19 सीटें होने का अनुमान है। ऐसे में उनका समर्थन किसी गठबंधन की सरकार बनाने या उसे संसद में जरूरी मुद्दों पर समर्थन दिलाने में निर्णायक साबित हो सकता है।

    हालांकि, यहां सबसे बड़ी बाधा राजनीतिक विचारधारा है। विपक्ष के कई नेताओं ने चुनाव प्रचार के दौरान अरब पार्टियों के साथ सरकार बनाने को लेकर आपत्ति जताई थी। ऐसे में यदि सत्ता तक पहुंचने के लिए इन दलों का समर्थन लेना पड़ता है, तो विपक्ष को अपने पहले के रुख पर पुनर्विचार करना पड़ सकता है।

    एक विकल्प यह भी है कि अरब पार्टियां सरकार में शामिल हुए बिना कुछ अहम संसदीय मतदानों में विपक्ष का समर्थन करें। लेकिन इसके लिए भी आपसी सहमति और शर्तों पर बातचीत जरूरी होगी।

    इस तरह अरब पार्टियों के पास केवल सीटों की संख्या के कारण ही नहीं, बल्कि सरकार गठन के संभावित विकल्पों के कारण भी महत्वपूर्ण राजनीतिक प्रभाव है।

    क्या नेतन्याहू बना सकते हैं राष्ट्रीय एकता सरकार?

    सरकार गठन का दूसरा संभावित रास्ता राष्ट्रीय एकता सरकार है। इस विकल्प में विरोधी खेमों की कुछ पार्टियां मिलकर सरकार बनाने पर विचार कर सकती हैं। इससे संसद में जरूरी समर्थन जुटाने का रास्ता खुल सकता है।

    लेकिन यह समझौता भी आसान नहीं होगा। नेतन्याहू और उनके विरोधियों के बीच नीतियों, नेतृत्व और सरकार की दिशा को लेकर मतभेद हैं। विपक्षी नेताओं ने चुनाव में सरकार बदलने का मुद्दा उठाया था। ऐसे में नेतन्याहू के साथ सत्ता साझा करने का फैसला उनके समर्थकों के लिए राजनीतिक रूप से कठिन हो सकता है।

    दूसरी ओर, राष्ट्रीय सुरक्षा, सैन्य सेवा और देश की विदेश नीति जैसे मुद्दे बातचीत में अहम भूमिका निभा सकते हैं। यदि कोई साझा रास्ता निकलता है, तो गठबंधन सरकार बन सकती है। हालांकि, अभी इसे संभावित विकल्प के तौर पर ही देखा जाना चाहिए, किसी तय राजनीतिक समझौते के रूप में नहीं।

    तीसरा रास्ता: फिर से चुनाव की नौबत?

    यदि कोई भी खेमा पर्याप्त समर्थन नहीं जुटा पाता, तो इजरायल में दोबारा चुनाव कराने की स्थिति पैदा हो सकती है। यह विकल्प राजनीतिक दलों के लिए आसान नहीं होगा, क्योंकि चुनाव के बाद सरकार गठन में देरी से प्रशासनिक और नीतिगत अनिश्चितता बढ़ सकती है।

    इजरायल पहले भी गठबंधन संबंधी गतिरोध और बार-बार चुनाव की स्थिति का सामना कर चुका है। इसलिए मौजूदा चुनाव परिणाम के बाद भी यह संभावना पूरी तरह खारिज नहीं की जा सकती।

    हालांकि, दोबारा चुनाव तभी होगा जब सरकार बनाने की संवैधानिक प्रक्रिया के तहत उपलब्ध प्रयास सफल नहीं हो पाते। इससे पहले राजनीतिक दलों को बातचीत, समर्थन जुटाने और संभावित गठबंधन के रास्ते तलाशने होंगे।

    अब राष्ट्रपति की भूमिका होगी अहम

    सरकार गठन की प्रक्रिया में इजरायल के राष्ट्रपति इसाक हर्जोग की भूमिका महत्वपूर्ण होगी। आधिकारिक चुनाव परिणाम आने के बाद वह राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से परामर्श करेंगे और परिस्थितियों के आधार पर सरकार बनाने के लिए किसी नेता को अवसर देने का फैसला करेंगे।

    सरकार बनाने के लिए नामित नेता को गठबंधन तैयार करने और जरूरी संसदीय समर्थन जुटाने के लिए निर्धारित समय मिलता है। यदि पहला प्रयास सफल नहीं होता, तो प्रक्रिया के तहत दूसरे नेता को भी अवसर दिया जा सकता है। सभी प्रयास विफल होने की स्थिति में नए चुनाव का रास्ता खुल सकता है।

    अंतिम नतीजों और दलों के बीच होने वाली बातचीत से ही स्पष्ट होगा कि किस नेता के पास सरकार बनाने की सबसे अधिक संभावना है।

    Benjamin Netanyahu Gadi Eisenkot Israel Election 2026 Israel Politics अरब पार्टियां इजरायल चुनाव इजरायल संसद गठबंधन सरकार नेतन्याहू मिडिल ईस्ट न्यूज
    Share. Facebook Twitter Telegram Email WhatsApp
    Rajat Kumar
    Rajat Kumar

    Related Posts

    Israel Election Results 2026: नेतन्याहू की सत्ता बचेगी या विपक्ष मारेगा बाजी? एग्जिट पोल ने बढ़ाई सियासी हलचल

    October 28, 2026

    यमन में हूतियों पर बड़ा सैन्य प्रहार! 24 घंटे में 753 हमलों का दावा, 218 लड़ाके निष्क्रिय; क्या अब बदलेगी जंग की दिशा?

    October 26, 2026

    मक्का-मदीना को निशाना बनाने के आरोप पर हौथियों का इनकार, सऊदी अरब में मिसाइलों को रोकने का दावा

    October 25, 2026
    Add A Comment
    Leave A Reply Cancel Reply

    Advertisements
    • News of India Tv
    • Newsofindia TV
    क्रिकेट लाइव
    Live Cricket Scores
    आज का मौसम
    Widget weather
    शेयर बाज़ार
    Track all markets on TradingView
    राशिफल
    Top Posts

    राजस्थान पंचायत चुनाव परिणाम 2026: गांवों में किसने जीता सरपंच का चुनाव? 16 जिलों में मतगणना के बाद सामने आने लगे नतीजे

    October 25, 20266,412 Views

    ‘क्या जामा मस्जिद में हनुमान चालीसा पढ़ी जा सकती है?’ अयोध्या से CM योगी का विपक्ष पर बड़ा हमला, हनुमानगढ़ी को लेकर दिया विवादित बयान

    July 10, 20265,567 Views

    महाराष्ट्र में UCC लागू होने की बड़ी तैयारी! CM फडणवीस ने बनाई समिति, 6 महीने में आएगी रिपोर्ट

    July 9, 2026596 Views
    About Us

    Newsofindia TV

    News of India TV is a trusted digital news platform committed to delivering fast, accurate, and unbiased news from across India and around the world. Our mission is to keep our readers informed with credible journalism, factual reporting, and timely updates on the issues that matter most.

    Trending

    राहुल गांधी का बड़ा सियासी दांव! CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ INDIA ब्लॉक का प्रदर्शन, 1 नवंबर को दिल्ली में शक्ति प्रदर्शन

    By Rajat KumarOctober 29, 2026

    नई दिल्ली: देश की राजनीति में चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची को लेकर एक बार…

    Also Read

    राहुल गांधी का बड़ा सियासी दांव! CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ INDIA ब्लॉक का प्रदर्शन, 1 नवंबर को दिल्ली में शक्ति प्रदर्शन

    October 29, 2026

    ‘मोबाइल दीवार पर मार दो, गिरफ्तारी हो जाएगी!’ Digital Arrest Scammers पर CJI सूर्यकांत का गुस्सा, सुप्रीम कोर्ट ने क्यों कहा- यह डिजिटल डकैती है?

    October 29, 2026

    Lucknow Triple Murder: शराब, हथियार और गले में सांप! कौन है तीन हत्याओं का आरोपी ऋषभ शुक्ला? सोशल मीडिया की तस्वीरों ने खींचा ध्यान

    October 29, 2026
    Facebook Instagram YouTube
    • About Us
    • Contact Us
    • Privacy Policy
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.