मणिपुर: राज्य में एक बार फिर हिंसा और आगजनी की घटनाओं ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ा दी है। 24 अगस्त 2026, सोमवार को कांगपोकपी और पड़ोसी सेनापति जिले के कुछ इलाकों में आगजनी और गोलीबारी की घटनाएं सामने आईं। इन घटनाओं में कई घरों को नुकसान पहुंचने की जानकारी है।
सबसे गंभीर घटना उस समय सामने आई, जब दो समूहों के बीच कथित गोलीबारी के दौरान CRPF का एक जवान गोली लगने से घायल हो गया। अधिकारियों के अनुसार घायल जवान को इलाज के लिए सेनापति जिला अस्पताल ले जाया गया। बाद में उसकी हालत खतरे से बाहर बताई गई।
इन घटनाओं के बावजूद राहत की बात यह है कि अभी तक किसी व्यक्ति की मौत की सूचना नहीं है। हालांकि, आगजनी में मकानों को हुए नुकसान और गोलीबारी के कारण इलाके में तनाव की स्थिति बनी हुई है।
तड़के घर में लगाई गई आग
रिपोर्ट्स के मुताबिक, सोमवार की सुबह से पहले कांगपोकपी जिले के ताफौ कुकी गांव में आगजनी की एक घटना हुई। बताया गया कि एक अज्ञात समूह ने कथित तौर पर रात करीब 2:30 बजे एक घर में आग लगा दी।
आग लगने की जानकारी सामने आने के बाद स्थानीय स्तर पर लोगों ने पुलिस और दमकल विभाग को सूचना दी। घटना के कुछ समय बाद पड़ोसी सेनापति जिले के इलाके से भी आगजनी की खबर सामने आई।
स्थानीय लोगों और अधिकारियों के अनुसार, घटना के बाद सुरक्षा बलों की गतिविधियां बढ़ाई गईं और संवेदनशील इलाकों में स्थिति पर नजर रखी गई।
सेनापति में कई घरों को नुकसान
आगजनी की दूसरी घटना कथित तौर पर सुबह करीब 4 बजे सेनापति जिले के नागा ताफौ इलाके में हुई। रिपोर्ट्स के अनुसार, यहां कई घरों को आग लगाए जाने की जानकारी सामने आई।
एक स्थानीय चश्मदीद डी. डिगाबौ के हवाले से बताया गया कि स्वयंसेवकों ने तड़के आग की लपटें देखीं। इसके बाद पुलिस और फायर ब्रिगेड को इसकी सूचना दी गई।
चश्मदीद के मुताबिक, आग की घटना में एक घर पूरी तरह तबाह हो गया, जबकि दो अन्य मकानों को भी नुकसान पहुंचा। आग पर काबू पाने के लिए दमकल टीमों ने कार्रवाई की।
हालांकि, आगजनी के पीछे किसका हाथ था और घटना को अंजाम देने का वास्तविक कारण क्या था, इसे लेकर अधिकारियों की ओर से अंतिम पुष्टि का इंतजार है।

गोलीबारी में CRPF जवान घायल
आगजनी की घटनाओं के कुछ घंटे बाद इलाके में तनाव और बढ़ गया। जानकारी के मुताबिक, सुबह करीब 9:20 बजे ताफौ नागा के पास दो समूहों के बीच गोलीबारी हुई।
इसी गोलीबारी की चपेट में CRPF का एक जवान आ गया और उसे गोली लग गई। घायल जवान को तत्काल सेनापति जिला अस्पताल ले जाया गया।
अधिकारियों के मुताबिक, जवान का इलाज किया गया और उसकी हालत खतरे से बाहर बताई गई। सुरक्षा बलों की मौजूदगी के बीच इलाके की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
किसी की मौत की खबर नहीं
मणिपुर में हिंसा की इन घटनाओं के बीच सबसे बड़ी राहत यह है कि अब तक किसी नागरिक या सुरक्षाकर्मी की मौत की सूचना सामने नहीं आई है।
हालांकि, घरों में आगजनी और गोलीबारी ने स्थानीय लोगों में भय का माहौल पैदा कर दिया है। ऐसे संवेदनशील इलाकों में छोटी घटनाएं भी तेजी से बड़े तनाव का रूप ले सकती हैं। इसलिए सुरक्षा एजेंसियों के लिए स्थिति को नियंत्रित रखना और किसी भी संभावित टकराव को रोकना अहम चुनौती है।
सुरक्षा व्यवस्था पर बढ़ी नजर
कांगपोकपी और सेनापति दोनों ही क्षेत्र मणिपुर में लंबे समय से संवेदनशील माने जाते रहे हैं। ऐसे में ताजा घटनाओं के बाद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष सतर्कता बरती जा रही है।
आगजनी और गोलीबारी की घटनाओं के बाद सुरक्षा बलों द्वारा संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाए जाने की जानकारी है। प्रशासन की प्राथमिकता लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और इलाके में दोबारा हिंसा फैलने से रोकना है।
फिलहाल घटनाओं की पूरी परिस्थितियों और आगजनी के पीछे जिम्मेदार लोगों को लेकर जांच की जा रही है। अधिकारियों की ओर से विस्तृत जानकारी सामने आने के बाद ही घटनाओं की पूरी तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।

