मुरादाबाद: उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने प्रत्याशी चयन की प्रक्रिया तेज कर दी है। इसी क्रम में मुरादाबाद जिले की छह विधानसभा सीटों के लिए पार्टी का तीसरा आंतरिक सर्वे पूरा हो गया है। पार्टी सूत्रों के अनुसार, अब तक हुए तीन चरणों के सर्वे में लगभग 20 संभावित दावेदारों के नाम प्रमुखता से सामने आए हैं।
हालांकि, यह स्पष्ट करना जरूरी है कि ये केवल सर्वेक्षण में चर्चा में आए नाम हैं, इन्हें पार्टी द्वारा आधिकारिक उम्मीदवार घोषित नहीं किया गया है। अंतिम निर्णय पार्टी नेतृत्व द्वारा आगे होने वाले सर्वे और संगठनात्मक समीक्षा के बाद लिया जाएगा।
पांच सर्वे के आधार पर होगा टिकट का फैसला
भाजपा विधानसभा चुनाव से पहले कुल पांच चरणों में सर्वे कराने की योजना पर काम कर रही है।
जानकारी के अनुसार—
- पहला सर्वे जनवरी में हुआ।
- दूसरा सर्वे मार्च के अंतिम सप्ताह में शुरू हुआ।
- तीसरा सर्वे जून में पूरा हुआ।
- चौथा सर्वे सितंबर में प्रस्तावित है।
- यदि चुनाव तय समय पर हुए तो पांचवां और अंतिम सर्वे दिसंबर में कराया जा सकता है।
यदि विधानसभा चुनाव समय से पहले कराए जाते हैं, तो सितंबर वाला सर्वे अंतिम माना जा सकता है।

सर्वे में किन बातों पर लिया गया फीडबैक?
भाजपा की ओर से कराए जा रहे सर्वे में केवल संभावित उम्मीदवारों की लोकप्रियता ही नहीं, बल्कि पार्टी और सरकार के प्रदर्शन को लेकर भी लोगों से राय ली गई।
सर्वे में प्रमुख रूप से इन सवालों पर प्रतिक्रिया ली गई—
- विधानसभा क्षेत्र में भाजपा की वर्तमान स्थिति कैसी है?
- मौजूदा विधायक या संभावित दावेदार की लोकप्रियता कितनी है?
- केंद्र सरकार की योजनाओं को जनता किस तरह देख रही है?
- योगी सरकार के कार्यों को लेकर लोगों की क्या राय है?
- चुनाव में उम्मीदवार चुनने का सबसे बड़ा आधार क्या होना चाहिए?
- यदि पहला विकल्प नहीं हो तो दूसरा पसंदीदा उम्मीदवार कौन है?
किन सीटों पर सबसे ज्यादा चर्चा?
पार्टी सूत्रों के अनुसार छह विधानसभा क्षेत्रों में अलग-अलग नाम सबसे अधिक चर्चा में रहे।
मुरादाबाद नगर
- रितेश गुप्ता
- मनोज गुप्ता
- गिरीश भंडूला
मुरादाबाद देहात
- डॉ. केके मिश्रा
- श्याम बिहारी मिश्रा
- रजनीकांत जाटव
कांठ
- राजेश कुमार सिंह (चुन्नू)
- पूनम चौधरी
- विनोद सैनी
- राजपाल सिंह
ठाकुरद्वारा
- राजपाल सिंह चौहान
- अजय प्रताप सिंह
- साधना सिंह
बिलारी
- परमेश्वर लाल सैनी
- सुरेश सैनी
- रघुराज सिंह यादव
- ऋषिपाल चौधरी
कुंदरकी
- रामवीर सिंह
- डॉ. शैफाली सिंह
- दिनेश ठाकुर
कार्यकर्ताओं और जनता की राय में अंतर
सर्वे से जुड़ी जानकारी के अनुसार, एक क्षेत्रीय पदाधिकारी का नाम तीसरे सर्वे में प्रमुखता से सामने आया, लेकिन यह चर्चा मुख्य रूप से पार्टी कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों के बीच रही।
बताया जा रहा है कि आम जनता के बीच उस नाम को पहले जैसी स्वीकार्यता नहीं मिली।
इससे संकेत मिलता है कि पार्टी केवल संगठन की राय ही नहीं, बल्कि आम मतदाताओं की प्रतिक्रिया को भी टिकट वितरण में महत्व दे रही है।
वरिष्ठ नेताओं का क्या कहना है?
भाजपा संगठन से जुड़े नेताओं का कहना है कि पार्टी नियमित रूप से पेशेवर एजेंसियों के माध्यम से ग्राउंड लेवल पर सर्वे कराती है।
इसका उद्देश्य केवल उम्मीदवार तय करना नहीं, बल्कि संगठन की स्थिति, सरकार के प्रति जनता का रुझान और स्थानीय मुद्दों की जानकारी प्राप्त करना भी होता है।
अभी अंतिम फैसला नहीं
पार्टी के अंदर चल रहे सर्वे के बावजूद उम्मीदवारों के नाम पर अंतिम फैसला अभी नहीं हुआ है।
अंतिम सूची तैयार करने से पहले संगठनात्मक समीक्षा, स्थानीय फीडबैक, चुनावी समीकरण और शीर्ष नेतृत्व की मंजूरी को भी महत्व दिया जाएगा।
इसलिए फिलहाल चर्चा में आए नामों को संभावित दावेदार के रूप में ही देखा जा रहा है।
मुरादाबाद जिले में भाजपा का तीसरा आंतरिक सर्वे पूरा होने के साथ विधानसभा चुनाव की तैयारियां और तेज हो गई हैं। सर्वे में 20 संभावित दावेदारों के नाम प्रमुखता से सामने आए हैं, लेकिन टिकट वितरण का अंतिम फैसला अभी बाकी है। पार्टी के दो और सर्वे होने हैं, जिनके बाद संगठन जीत की संभावना, स्थानीय समीकरण और जनमत के आधार पर उम्मीदवारों का चयन करेगा।

