जम्मू। जम्मू-कश्मीर में लगातार हो रही भारी बारिश ने सामान्य जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। जम्मू संभाग के राजोरी, पुंछ, डोडा और आसपास के कई जिलों में मूसलाधार बारिश के चलते हालात चिंताजनक बने हुए हैं। नदियों और नालों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है, जबकि कई इलाकों में भूस्खलन और फ्लैश फ्लड का खतरा मंडरा रहा है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस ने हाई अलर्ट जारी करते हुए लोगों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है।
लगातार खराब मौसम के कारण धार्मिक यात्राओं पर भी बड़ा असर पड़ा है। अमरनाथ यात्रा, माता वैष्णो देवी यात्रा, शिव खोड़ी यात्रा और मचैल माता यात्रा लगातार तीसरे दिन भी स्थगित रखी गई हैं। प्रशासन का कहना है कि यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और मौसम सामान्य होने के बाद ही आगे का निर्णय लिया जाएगा।
राजोरी में सबसे ज्यादा खतरा, प्रशासन ने जारी की एडवाइजरी
राजोरी जिले में मंगलवार सुबह से लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण कई क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति बन गई है। प्रशासन ने लोगों को बिना आवश्यक कारण घरों से बाहर न निकलने की सलाह दी है।
जारी एडवाइजरी में कहा गया है कि नागरिक नदी-नालों, पुलों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों से पूरी तरह दूर रहें। यदि किसी क्षेत्र में जलभराव हो गया हो तो वहां से गुजरने का प्रयास न करें। प्रशासन ने लोगों से मौसम विभाग द्वारा जारी सभी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है।
राजोरी पुलिस ने भी जारी किया हाई अलर्ट
राजोरी पुलिस ने भी सोशल मीडिया और स्थानीय माध्यमों से चेतावनी जारी करते हुए कहा कि लगातार बारिश के कारण नदियों और नालों का जलस्तर अचानक बढ़ सकता है। नदी किनारे रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी गई है।
पुलिस ने कहा कि अत्यंत आवश्यक होने पर ही लोग घर से बाहर निकलें और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत स्थानीय प्रशासन या पुलिस नियंत्रण कक्ष से संपर्क करें।

धार्मिक यात्राओं पर बारिश की बड़ी मार
जम्मू-कश्मीर में लगातार तीसरे दिन खराब मौसम के कारण प्रदेश की प्रमुख धार्मिक यात्राओं को रोक दिया गया है।
स्थगित की गई प्रमुख यात्राएं—
- अमरनाथ यात्रा
- माता वैष्णो देवी यात्रा
- शिव खोड़ी यात्रा
- मचैल माता यात्रा
यात्रा मार्गों पर भूस्खलन, पत्थर गिरने और फ्लैश फ्लड की आशंका को देखते हुए यह फैसला लिया गया है। प्रशासन लगातार मौसम की निगरानी कर रहा है और हालात सामान्य होने के बाद यात्राओं को फिर से शुरू करने पर निर्णय लिया जाएगा।
बारिश से अब तक 23 लोगों की मौत
अधिकारियों के अनुसार, रविवार से अब तक जम्मू संभाग के विभिन्न जिलों में बारिश से जुड़े हादसों में 23 लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं 7 लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं।
पुंछ, राजोरी और डोडा जिले सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्रों में शामिल हैं। कई स्थानों पर मकानों, सड़कों और पुलों को नुकसान पहुंचा है, जबकि कई ग्रामीण इलाकों का संपर्क भी प्रभावित हुआ है।
राहत एवं बचाव अभियान जारी
प्रभावित क्षेत्रों में एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, पुलिस और जिला प्रशासन की टीमें राहत एवं बचाव कार्यों में जुटी हुई हैं। जहां-जहां लोगों के फंसे होने की सूचना मिल रही है, वहां विशेष बचाव अभियान चलाया जा रहा है।
प्रशासन ने राहत शिविर भी तैयार रखे हैं ताकि जरूरत पड़ने पर प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा सके।
मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट
मौसम विभाग के अनुसार अगले कुछ दिनों तक जम्मू-कश्मीर के कई जिलों में मध्यम से भारी बारिश जारी रहने की संभावना है। इसके साथ ही ऊंचाई वाले इलाकों में भूस्खलन और निचले क्षेत्रों में फ्लैश फ्लड का खतरा बना रहेगा।
विशेषज्ञों का कहना है कि लगातार बारिश के कारण पहाड़ी क्षेत्रों की मिट्टी कमजोर हो जाती है, जिससे अचानक भूस्खलन की घटनाएं बढ़ सकती हैं। ऐसे में यात्रियों और स्थानीय लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत है।
लोगों के लिए प्रशासन की महत्वपूर्ण सलाह
प्रशासन ने नागरिकों के लिए कई महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए हैं—
- बिना जरूरी कारण घर से बाहर न निकलें।
- नदी, नालों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहें।
- भूस्खलन संभावित इलाकों में यात्रा करने से बचें।
- मौसम विभाग और प्रशासन की आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करें।
- किसी भी आपात स्थिति में तुरंत पुलिस, प्रशासन या आपदा राहत सेवाओं से संपर्क करें।
- अफवाहों से बचें और सोशल मीडिया पर अपुष्ट जानकारी साझा न करें।
स्थिति पर लगातार नजर
राज्य प्रशासन लगातार प्रभावित जिलों की निगरानी कर रहा है। जिला अधिकारियों को हर घंटे स्थिति की रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं राहत एवं बचाव एजेंसियों को किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार रहने को कहा गया है।
प्रशासन का कहना है कि मौसम में सुधार होने तक लोगों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी और आवश्यकता पड़ने पर अतिरिक्त संसाधन भी तैनात किए जाएंगे।
जम्मू-कश्मीर में लगातार हो रही भारी बारिश ने जनजीवन को गंभीर रूप से प्रभावित किया है। फ्लैश फ्लड और भूस्खलन के खतरे को देखते हुए प्रशासन ने हाई अलर्ट जारी किया है, जबकि अमरनाथ, माता वैष्णो देवी, शिव खोड़ी और मचैल माता यात्राओं को एहतियातन स्थगित रखा गया है। राहत एवं बचाव अभियान जारी है और प्रशासन लोगों से सतर्क रहने, अनावश्यक यात्रा से बचने तथा केवल आधिकारिक सूचनाओं का पालन करने की अपील कर रहा है।

