Close Menu
Newsofindia TvNewsofindia Tv

    Subscribe to Updates

    Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.

    What's Hot

    BRICS में पाकिस्तान की एंट्री पर सबसे बड़ा पेंच! चीन-रूस के सहारे आवेदन, लेकिन भारत की ‘हां’ के बिना अधूरा सपना

    September 11, 2026

    दिल्ली में 10 लाख का विवाद बना हत्या की वजह? प्रॉपर्टी डीलर को गोली मारकर आरोपी ने थाने में किया सरेंडर

    September 11, 2026

    मोदी ने पुतिन को लगाया गले, फिर थमाई तिरुवल्लुवर की ‘तिरुक्कुरल’; भारत मंडपम की इस मुलाकात में क्या है बड़ा संदेश?

    September 11, 2026
    Facebook Instagram YouTube
    • About Us
    • Contact Us
    • Privacy Policy
    Newsofindia TvNewsofindia Tv
    Facebook Instagram YouTube
    • होम
    • देश
    • विदेश
    • राज्य
    • राजनीति
    • अपराध
    • खेल
    • मनोरंजन
    Newsofindia TvNewsofindia Tv
    • होम
    • देश
    • विदेश
    • राज्य
    • राजनीति
    • अपराध
    • खेल
    • मनोरंजन
    Home»देश»कावेरी जल विवाद फिर क्यों भड़का? तमिलनाडु सुप्रीम कोर्ट पहुंचने को तैयार, कर्नाटक में सर्वदलीय बैठक… जानिए पूरा मामला
    देश

    कावेरी जल विवाद फिर क्यों भड़का? तमिलनाडु सुप्रीम कोर्ट पहुंचने को तैयार, कर्नाटक में सर्वदलीय बैठक… जानिए पूरा मामला

    Chandra JyotiBy Chandra JyotiAugust 2, 2026No Comments4 Mins Read
    Share
    Facebook Twitter Threads Copy Link Telegram WhatsApp Email

    बेंगलुरु/चेन्नई: दक्षिण भारत के दो प्रमुख राज्यों कर्नाटक और तमिलनाडु के बीच दशकों पुराना कावेरी जल विवाद एक बार फिर चर्चा में है। इस बार विवाद इसलिए तेज हो गया है क्योंकि तमिलनाडु सरकार ने कावेरी जल प्रबंधन प्राधिकरण (CWMA) के निर्देशों का पालन नहीं होने का आरोप लगाते हुए सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाने की तैयारी की है। दूसरी ओर, कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार ने राज्य की रणनीति तय करने और राजनीतिक सहमति बनाने के लिए सर्वदलीय बैठक बुलाई।

    बैठक में कांग्रेस, भाजपा और जनता दल (सेक्युलर) सहित विभिन्न दलों के नेताओं ने हिस्सा लिया। माना जा रहा है कि इस बैठक का उद्देश्य कावेरी जल बंटवारे के मुद्दे पर राज्य का साझा रुख तय करना और आगे की कानूनी एवं प्रशासनिक रणनीति तैयार करना था।

    क्यों बुलाई गई सर्वदलीय बैठक?

    हाल के दिनों में तमिलनाडु सरकार ने आरोप लगाया है कि कर्नाटक, कावेरी जल प्रबंधन प्राधिकरण के निर्देशों के अनुसार पानी नहीं छोड़ रहा है। राज्य सरकार का कहना है कि इससे तमिलनाडु के किसानों को नुकसान हो रहा है।

    तमिलनाडु के कानून मंत्री ने कहा है कि राज्य अपने हिस्से का पानी सुनिश्चित कराने के लिए सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर करेगा। उनका कहना है कि अदालत से प्राधिकरण के आदेशों का पालन सुनिश्चित कराने की मांग की जाएगी।

    इसी घटनाक्रम के बीच कर्नाटक सरकार ने सर्वदलीय बैठक बुलाकर राज्य के हितों की रक्षा के लिए आगे की रणनीति पर चर्चा की।

    कर्नाटक में विरोध क्यों बढ़ा?

    कावेरी जल प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा कर्नाटक से निर्धारित अवधि तक प्रतिदिन 3,500 क्यूसेक पानी छोड़ने के निर्देश के बाद राज्य में किसान संगठनों और कई कन्नड़ संगठनों ने विरोध दर्ज कराया।

    उनका तर्क है कि कर्नाटक स्वयं कम वर्षा और जल संकट की स्थिति का सामना कर रहा है। ऐसे में अतिरिक्त पानी छोड़ने से राज्य के किसानों और पेयजल व्यवस्था पर असर पड़ सकता है।

    इसी विवाद के चलते राज्य में राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है और कई सामाजिक संगठनों ने विरोध प्रदर्शन किए हैं।

    क्या है कावेरी नदी?

    कावेरी दक्षिण भारत की सबसे महत्वपूर्ण नदियों में से एक है। इसका उद्गम कर्नाटक के कोडागु जिले में स्थित तलाकावेरी से होता है। इसके बाद यह कर्नाटक, तमिलनाडु और पुडुचेरी से होकर बहती हुई बंगाल की खाड़ी में मिल जाती है।

    कावेरी बेसिन लाखों किसानों की सिंचाई, पेयजल और उद्योगों की जरूरतों को पूरा करता है। यही कारण है कि इसके जल बंटवारे का मुद्दा दोनों राज्यों के लिए बेहद संवेदनशील माना जाता है।

    विवाद की शुरुआत कैसे हुई?

    कावेरी जल विवाद नया नहीं है। इसकी जड़ें ब्रिटिश काल तक जाती हैं।

    • 1892 में तत्कालीन मद्रास प्रेसीडेंसी और मैसूर रियासत के बीच पहला समझौता हुआ।
    • 1924 में दूसरा समझौता हुआ, जिसकी अवधि 50 वर्ष मानी गई।
    • समझौते की अवधि समाप्त होने के बाद जल बंटवारे को लेकर विवाद और गहरा गया।

    लगातार बढ़ते मतभेदों के बाद वर्ष 1990 में केंद्र सरकार ने कावेरी जल विवाद अधिकरण (CWDT) का गठन किया।

    सुप्रीम कोर्ट का फैसला क्या कहता है?

    कई वर्षों तक चली कानूनी प्रक्रिया के बाद वर्ष 2018 में सुप्रीम कोर्ट ने महत्वपूर्ण फैसला सुनाया।

    अदालत ने कर्नाटक को निर्देश दिया कि वह एक जल वर्ष (जून से मई) के दौरान निर्धारित मात्रा के अनुसार तमिलनाडु के लिए 177 टीएमसी पानी उपलब्ध कराए।

    साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिया कि जल बंटवारे की निगरानी और विवादों के समाधान के लिए कावेरी जल प्रबंधन प्राधिकरण (CWMA) और कावेरी जल नियामक समिति (CWRC) का गठन किया जाए।

    फिर भी विवाद क्यों खत्म नहीं हुआ?

    हालांकि सुप्रीम कोर्ट का फैसला लागू है, लेकिन हर वर्ष मानसून, जलाशयों में पानी की उपलब्धता और कृषि आवश्यकताओं को लेकर दोनों राज्यों के बीच मतभेद उभर आते हैं।

    कम वर्षा वाले वर्षों में कर्नाटक का कहना होता है कि पहले राज्य की पेयजल और कृषि जरूरतें पूरी की जाएं, जबकि तमिलनाडु का तर्क रहता है कि उसे अदालत और प्राधिकरण द्वारा तय हिस्से का पानी समय पर मिलना चाहिए।

    यही कारण है कि लगभग हर वर्ष मानसून के दौरान यह विवाद फिर चर्चा में आ जाता है।

    आगे क्या हो सकता है?

    तमिलनाडु के सुप्रीम कोर्ट जाने की तैयारी और कर्नाटक की सर्वदलीय बैठक के बाद यह मामला फिर न्यायिक और राजनीतिक दोनों स्तरों पर सक्रिय हो सकता है।

    यदि अदालत में नई याचिका दाखिल होती है, तो दोनों राज्यों को अपने-अपने पक्ष और जल उपलब्धता के आंकड़े पेश करने होंगे। साथ ही केंद्र सरकार और कावेरी जल प्रबंधन प्राधिकरण की भूमिका भी महत्वपूर्ण रहेगी।

    कावेरी जल विवाद केवल पानी के बंटवारे का मामला नहीं, बल्कि लाखों किसानों, पेयजल आपूर्ति और दो राज्यों के आर्थिक हितों से जुड़ा संवेदनशील मुद्दा है। सुप्रीम कोर्ट के फैसले और कावेरी जल प्रबंधन प्राधिकरण के बावजूद विवाद पूरी तरह समाप्त नहीं हुआ है। अब तमिलनाडु की संभावित कानूनी कार्रवाई और कर्नाटक की रणनीति पर पूरे देश की नजर रहेगी।

    Cauvery Water Dispute CWMA DK Shivakumar India News Karnataka Latest News Political News River Water Dispute South India News Supreme Court Tamil Nadu Water Sharing
    Share. Facebook Twitter Telegram Email WhatsApp
    Chandra Jyoti
    Chandra Jyoti
    • Website

    Related Posts

    BRICS में पाकिस्तान की एंट्री पर सबसे बड़ा पेंच! चीन-रूस के सहारे आवेदन, लेकिन भारत की ‘हां’ के बिना अधूरा सपना

    September 11, 2026

    दिल्ली में 10 लाख का विवाद बना हत्या की वजह? प्रॉपर्टी डीलर को गोली मारकर आरोपी ने थाने में किया सरेंडर

    September 11, 2026

    मोदी ने पुतिन को लगाया गले, फिर थमाई तिरुवल्लुवर की ‘तिरुक्कुरल’; भारत मंडपम की इस मुलाकात में क्या है बड़ा संदेश?

    September 11, 2026
    Add A Comment
    Leave A Reply Cancel Reply

    Advertisements
    • News of India Tv
    • Newsofindia TV
    क्रिकेट लाइव
    Live Cricket Scores
    आज का मौसम
    Widget weather
    शेयर बाज़ार
    Track all markets on TradingView
    राशिफल
    Top Posts

    ‘क्या जामा मस्जिद में हनुमान चालीसा पढ़ी जा सकती है?’ अयोध्या से CM योगी का विपक्ष पर बड़ा हमला, हनुमानगढ़ी को लेकर दिया विवादित बयान

    July 10, 20265,567 Views

    महाराष्ट्र में UCC लागू होने की बड़ी तैयारी! CM फडणवीस ने बनाई समिति, 6 महीने में आएगी रिपोर्ट

    July 9, 2026596 Views

    होर्मुज में बढ़ा तनाव! भारतीय तेल टैंकर लौटाया गया, अमेरिका के हमले के बाद IDF हाई अलर्ट पर

    July 9, 2026513 Views
    About Us

    Newsofindia TV

    News of India TV is a trusted digital news platform committed to delivering fast, accurate, and unbiased news from across India and around the world. Our mission is to keep our readers informed with credible journalism, factual reporting, and timely updates on the issues that matter most.

    Trending

    BRICS में पाकिस्तान की एंट्री पर सबसे बड़ा पेंच! चीन-रूस के सहारे आवेदन, लेकिन भारत की ‘हां’ के बिना अधूरा सपना

    By Chandra JyotiSeptember 11, 2026

    नई दिल्ली। भारत की मेजबानी में नई दिल्ली में 18वां BRICS शिखर सम्मेलन आयोजित हो…

    Also Read

    BRICS में पाकिस्तान की एंट्री पर सबसे बड़ा पेंच! चीन-रूस के सहारे आवेदन, लेकिन भारत की ‘हां’ के बिना अधूरा सपना

    September 11, 2026

    दिल्ली में 10 लाख का विवाद बना हत्या की वजह? प्रॉपर्टी डीलर को गोली मारकर आरोपी ने थाने में किया सरेंडर

    September 11, 2026

    मोदी ने पुतिन को लगाया गले, फिर थमाई तिरुवल्लुवर की ‘तिरुक्कुरल’; भारत मंडपम की इस मुलाकात में क्या है बड़ा संदेश?

    September 11, 2026
    Facebook Instagram YouTube
    • About Us
    • Contact Us
    • Privacy Policy
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.