अयोध्या: स्थित राम मंदिर में चढ़ावे और दान राशि से जुड़े कथित विवाद ने अब राजनीतिक रंग पकड़ लिया है। आम आदमी पार्टी (AAP) के राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने इस मामले में बड़ा कदम उठाते हुए श्रीराम जन्मभूमि थाना में औपचारिक तहरीर भेजकर एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। उन्होंने आरोप लगाया कि मंदिर से जुड़े आर्थिक मामलों में कई गंभीर सवाल खड़े हुए हैं, लेकिन अब तक जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
लखनऊ में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान संजय सिंह ने कहा कि यदि मामले में सामने आए तथ्यों, बरामदगी और शिकायतों की निष्पक्ष जांच की जाए तो कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आ सकते हैं।
ट्रस्ट की कार्यप्रणाली पर उठाए सवाल
संजय सिंह ने राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि मंदिर निर्माण और उससे जुड़े वित्तीय मामलों को लेकर पहले भी कई बार विवाद सामने आ चुके हैं।
उन्होंने याद दिलाया कि वर्ष 2021 में भी जमीन खरीद से जुड़े कथित अनियमितताओं के मामले को उन्होंने सार्वजनिक रूप से उठाया था। उस समय भी दस्तावेजों और तथ्यों के आधार पर सवाल खड़े किए गए थे, लेकिन आरोपों की गंभीर जांच नहीं हुई।
संजय सिंह का कहना है कि यदि उस समय संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई होती तो आज हालात अलग हो सकते थे।
चढ़ावे और दानपात्र से जुड़े आरोप
आप सांसद ने आरोप लगाया कि मंदिर में आने वाले चढ़ावे, दानपात्रों में जमा धनराशि और बहुमूल्य वस्तुओं के रखरखाव को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं। हाल के दिनों में कुछ कर्मचारियों और संबंधित लोगों के नाम भी चर्चा में आए हैं।
उन्होंने दावा किया कि कुछ मामलों में नकदी बरामद होने और कर्मचारियों के संदेह के घेरे में आने की खबरें सामने आई हैं। ऐसे में केवल राजनीतिक बयानबाजी करने के बजाय निष्पक्ष जांच कर सच्चाई सामने लाना जरूरी है।
FIR दर्ज करने की मांग क्यों?
संजय सिंह का कहना है कि जब किसी मामले में चोरी, आर्थिक अनियमितता या भ्रष्टाचार के आरोप सामने आते हैं, तो सबसे पहला कदम एफआईआर दर्ज करना होना चाहिए।
उन्होंने कहा कि उनकी ओर से श्रीराम जन्मभूमि थाना में लिखित शिकायत भेजी गई है, जिसमें मामले की विधिवत जांच और एफआईआर दर्ज करने की मांग की गई है। शिकायत में चढ़ावे, दान और जमीन सौदों से जुड़े कथित मामलों का भी उल्लेख किया गया है।
उन्होंने कहा कि यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो जिम्मेदार लोगों की गिरफ्तारी कर कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए।
विपक्ष और सत्ता पक्ष में तेज हुई बयानबाजी
राम मंदिर से जुड़े इस मुद्दे को लेकर राजनीतिक गलियारों में भी बयानबाजी तेज हो गई है। विपक्ष लगातार वित्तीय पारदर्शिता पर सवाल उठा रहा है, जबकि भाजपा और ट्रस्ट से जुड़े लोग इन आरोपों को राजनीतिक प्रेरित बता रहे हैं।
हालांकि संजय सिंह ने कहा कि यह किसी राजनीतिक दल का नहीं बल्कि करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़ा मामला है। इसलिए इसकी जांच पूरी पारदर्शिता और निष्पक्षता के साथ होनी चाहिए।
पूर्वांचल में निकलेगी AAP की पदयात्रा
प्रेस वार्ता के दौरान संजय सिंह ने आम आदमी पार्टी के आगामी राजनीतिक कार्यक्रम की भी घोषणा की। उन्होंने बताया कि पार्टी की पदयात्रा का छठा चरण 16 अगस्त से 23 अगस्त के बीच पूर्वांचल क्षेत्र में आयोजित किया जाएगा।
यह यात्रा आजमगढ़ से जौनपुर तक लगभग 110 किलोमीटर की दूरी तय करेगी। पार्टी का दावा है कि इस दौरान बेरोजगारी, पेपर लीक, भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ी, आरक्षण, सामाजिक न्याय और युवाओं से जुड़े मुद्दों को जनता के बीच उठाया जाएगा।
जनता के बीच जाएंगे पार्टी कार्यकर्ता
संजय सिंह ने कहा कि पदयात्रा केवल राजनीतिक कार्यक्रम नहीं बल्कि जनसंवाद अभियान होगा। इसके जरिए पार्टी कार्यकर्ता गांव-गांव और कस्बों में जाकर लोगों की समस्याएं सुनेंगे।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में रोजगार, शिक्षा और युवाओं से जुड़े मुद्दे लगातार बढ़ रहे हैं और सरकार इन पर जवाब देने से बच रही है।